Sunday, January 4, 2015

VANCHIT SAMVEDANA KA SAHITYA^

VANCHIT SAMVEDANA KA SAHITYA shirshak se haal hi me mere dwara sampadit  3 pustakon ka publication akansha publishing house New Delhi ke saujanya se Hua. Pratham khand me dalit vimarsh, diarist khand me stree tatha tratiya khand me aadiwasee vimarsh ki rachnayen hain.

What khand me sambandhit vimarsh ke Sreshth rachnakaron yatha saran kumar limbale, bajrang bizarre tiwary, rajat raani meenu jaise, rishabh deo sharma, G.Neraja, vinod vishwakarma, hima, hariram meena, Ganga sahay meena, prof tulsiram, ravindra pathak, ajay navariya, puneet Visaria, Pramod meena, Nikita, kasim ,.s. siddiqui, sharmila Saxena evam anya rachnakaron ki upyogee rachnayen hain.

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Friday, February 15, 2013

अंतराराष्‍ट्रीय एवं राष्‍ट्रीय संगोष्टियां

यू.जी.सी. की एपीआई योजना के अनुपालन में अंतराराष्‍ट्रीय एवं राष्‍ट्रीय संगोष्टियों में सहभागिता करने वाले प्रबुद्धजनों की भीड़ देखते ही बनती है। एक का जाना और 10 का प्रमाण पत्र बनाकर लाने की होड़ बाकई हमें हमारी सहयोगिता एवं परस्‍पर सहयोग की भावना का उदाहरण प्रस्‍तुत करती है। भले शिक्षण से जुड़े लोगों में कार्यस्‍थल एवं परस्‍पर कितना भी वैमनस्‍य क्‍यों न हो यहां सब ऐसे मिलते हुए दिखाई देते हैं जैसे मित्रता एवं संबंध का इनसे बड़ा विश्‍व में कोई उदाहरण है ही नहीं। सबसे ज्‍यादा आनंदायक पीड़ा तब होती है जब एक सहभागी सुदूर स्‍थान से लम्‍बी यात्रा कर संगोष्टि में अपने विचार प्रस्‍तुत करने की बारी की प्रतीक्षा करता है और उसे अध्‍यक्ष द्वारा कहा जाता है कि समयाभाव के कारण आपको मात्र दो मिनट का समय दिया जाता है अपने विचार प्रस्‍तुत करने के लिए। मन अंदर से यह सोच कर प्रफुल्लित हो उठता है कि चलो अब ज्‍यादा बोलना नहीं पड़ेगा और प्रश्‍न पूछे जाने पर विचार विमर्श का प्रश्‍न ही नहीं उठता और वक्‍ता का शोध पत्र सर्वमान्‍य रूप से स्‍वीकृत माना जाएगा, भले वह स्‍वयं जानता है कि उसने कितना शोध कर उसे लिखा है।

Sunday, August 19, 2012

ढोल गंवार शुद्र पशु नारी,सकल ताडना के अधिकारी

सभी प्रबुद्धजनों से आग्रह है कि

''ढोल गंवार शुद्र पशु नारी,सकल ताडना के अधिकारी'' प्रत्‍येक शब्‍द के अर्थ पर इस पंक्ति के रचनाकाल तथा वर्तमान समय में अर्थ पर प्रकाश डालें।

ढोल

गंवार

शुद्र

पशु

नारी

सकल

ताडना

अधिकारी

                                                                                   आभार रहेगा
विजेन्‍द्र प्रताप सिंह